Bajaa ke dekho. बजा के देखो.
Wednesday, June 15, 2016
Monday, June 13, 2016
Wednesday, June 8, 2016
Sunday, June 5, 2016
Monday, May 23, 2016
Maa माँ
principal, A.S. Public School, लखनऊ - "विभा प्रकाश" द्वारा लिखी एक कविता
जो स्थानीय दैनिक समाचार पत्र में प्रकाशित हुई थी दिल छू लेने वाली है -
तेरे आँचल की छाँव तले ,
हर ग़म जीवन के मिट जाते.
जब मिलती हूँ तुमसे मैं माँ ,
खुशियों के पुष्प हैं खिल जाते .
मैं दूर बहुत हूँ माँ तुमसे,
पर सदा हृदय के पास हो तुम.
जब देखूं दरपन में ख़ुद को,
नयनों में अक्स दिखे तेरा .
बस यही मेरी तमन्ना है ,
सदियों तक साथ मिले तेरा.
-विभा प्रकाश
जो स्थानीय दैनिक समाचार पत्र में प्रकाशित हुई थी दिल छू लेने वाली है -
तेरे आँचल की छाँव तले ,
हर ग़म जीवन के मिट जाते.
जब मिलती हूँ तुमसे मैं माँ ,
खुशियों के पुष्प हैं खिल जाते .
मैं दूर बहुत हूँ माँ तुमसे,
पर सदा हृदय के पास हो तुम.
जब देखूं दरपन में ख़ुद को,
नयनों में अक्स दिखे तेरा .
बस यही मेरी तमन्ना है ,
सदियों तक साथ मिले तेरा.
-विभा प्रकाश
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